Ravish kumar: पीएम मोदी लोकसभा 2024 में मन्दिर को………
Ravish kumar: लोकसभा चुनाव के कारण केंद्र सरकार अब निरन्तर अपने कामों को दिखाने का प्रयास कर रही है। क्योंकि जल्द ही देश ने लोकसभा चुनाव होने को है।
ऐसे में भारतीय जनता पार्टी के नेता जनता के बीच जाकर अपने काम दिखाने का काम कर रही है। वहीं विपक्ष का कहना है की दो करोड़ नौकरी और बेरोजगारी दूर करने का वादा, महंगाई कम करने जैसे बहुत से वादे पीएम मोदी ने किए थे लेकिन अब तक एक वादा पूरा नहीं कर सके।
आज देश में महंगाई दर तेज़ी से बढ़ रही है। बेरोजगारी को देखें तो आज देश का युवा केंद्र सरकार से रोज़गार की मांग कर रहा है।
तो केंद्र सरकार देश के बेरोजगार युवाओं को केवल चार साल की संविदा की नौकरी दे रही है। एनडीटीवी के पत्रकार Ravish kumar का कहना है की क्या भारतीय जनता पार्टी इन्हीं मुद्दों को सामने रखकर चुनाव लड़ेंगी।
Ravish kumar की विपक्ष को सलाह
प्रसिद्ध वरिष्ठ पत्रकार Ravish kumar जो केवल सत्य के साथ सत्य न्यूज देते हैं। वो हर बार देश में होने वाले अन्याय को सत्य के साथ बोलते हैं।
- पत्रकारिता पर तीखा व्यंग्य: “ज़हर नेताओं के तलवों पर लगा दीजिए” — खान सर का तंज
- युवा और शिक्षा व्यवस्था का संकट: अब चुप रहना गुनाह है
- पत्रकारिता खत्म, अब बस रस्में निभाई जा रही हैं!
इस बार भी उन्होंने लोकसभा चुनाव को लेकर विपक्ष को सलाह देते हुए कहा की विपक्ष शायद कभी विरासत की विकास की राजनीती नही करेंगे।
यदि विपक्ष ऐसे करता है तो जनता खिलाफ भी हो सकती है। लेकिन विपक्ष को जनता के बीच आना होगा और जनता को समझ कर समझना होगा।
और अपनी बात को जनता के समक्ष प्रस्तुत कर कहना होगा की क्या अब पीएम मोदी केवल मंदिर और मस्जिद का ही मुद्दा सामने रखेंगे क्या 10 साल के काम का हिसाब नहीं देंगे पीएम मोदी क्या यही मन्दिर निर्माण ही एक मुद्दा शेष रह गया है जनता से वोट लेने का।
क्या पीएम मोदी ने देश के लिए 10 साल में यही काम किया है की दो समय की रोटी खाने के लिए देश की 80 करोड़ जनता के पास पैसे नहीं है।
जब लोग रोजगार, महंगाई और दो समय की रोटी के लिए मर रहे हों तो क्या पीएम मोदी 10 साल में केवल मन्दिर के दर्शन ही करवा कर वोट लेंगे।
क्या लोकसभा चुनाव में जनता बीजेपी को वोट देगी
देश में आर्थिक संकट का डर है। ऐसे में पीएम मोदी देश की जनता को मंदिर विकास श्रद्धा, आस्था की भावना को लेकर भाषण दे रहे हैं। यदि आर्थिक मुद्दे पुनः उठाए जाए तो जनता को राहत मिलने की संभावना है।
ये भी पढ़ें;- बेरोजगारी एक अभिशाप
और जनता के लिए अच्छा भविष्य बनेगा। झारखंड, राजस्थान, छत्तीसगढ़ जैसे वह राज्य जहां बीजेपी की सरकार नहीं वहां पुरानी पेंशन स्कीम पुनः लौट आई वहीं अब गुजरात और हिमाचल में भी इसकी मांग की जा रही है।
और अब तो पीएम मोदी भी नौकरी देने की बात करने लगे है। अब सवाल यही है की क्या बीजेपी के झांसे में जनता फिर से आकर वोट देगी।